गायत्री मंत्र (सावित्री मंत्र) : अर्थ, महत्व, और इसकी व्याख्या

मूल गायत्री मंत्र गायत्री मंत्र का वर्णन पहली बार ऋग्वेद में किया गया था, जो लगभग 3,000 से 3,500 साल पहले संस्कृत में लिखा गया था। गायत्री मंत्र में आठ शब्दों के एक समूह के अंदर चौबीस शब्दांश शामिल हैं। मूल गायत्री मंत्र, जैसा कि ऋग्वेद में दिया गया है, आज हम जो सुनते हैं, […]Read More

करवा चौथ कब होता है? इस खास वजह से की

हिंदू धर्म में करवा चौथ  के त्योहार का विशेष महत्व होता है। नवरात्रि के बाद से त्योहारों का सिलसिला शुरू हो जाता है। दशहरा के बाद करवा चौथ  का व्रत हर साल कार्तिक मास में कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को रखा जाता है। करवा चौथ के दिन सुहागिनें पति की लंबी आयु की कामना […]Read More

लोक आस्था का महापर्व छठ पूजा – छठी मैया, पूजा

सनातन धर्म में एक मात्र पर्व जो वैदिक कल से चला आ रहा है या यूँ कहे की हिन्दू परंपरा का सबसे प्राचीनतम पर्व छठ पूजा है। छठ पूजा या डाला छठ कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष के षष्ठी को (दीपावली के छह दिन बाद) मनाया जाता है। प्रतिवर्ष दो बार आने वाली छठ पूजा […]Read More

51 शक्ति पीठों की सूची, स्थान और उनसे जुड़े अंग

हिंदू सनातन धर्म में पुराणों का विशेष महत्‍व है। इन्‍हीं पुराणों में माता के शक्‍तिपीठों का भी वर्णन है। पुराणों की ही मानें तो जहां-जहां देवी सती के अंग के टुकड़े, वस्‍त्र और गहने गिरे, वहां-वहां मां के शक्‍तिपीठ बन गए। ये शक्तिपीठ पूरे भारतीय उपमहाद्वीप में फैले हैं।मान्यताओं के अनुसार, शक्तिपीठ की कहानी – […]Read More

हिन्दू धर्म में प्रयुक्त शब्दों के अर्थ और उनसे जुडी

इस लेख में आपको हिन्दू धर्म में प्रयोग में आने वाले शब्दों के अर्थ और इस धर्म से जुडी गणनाओं, तिथियों और वैदिक शब्दों के बारे में बताया गया है।  पढ़ने का आनंद ले और इस महत्वपूर्ण जानकारी को अपने बच्चो और प्रियजनों के साथ साझा भी करें। हम मिलकर अपनी समृद्ध संस्कृति और इससे […]Read More

धनतेरस और धन्वन्तरि जयंती क्या है? धनतेरस का असली महत्व

विक्रम सम्वत कैलेंडर के अनुसार धनतेरस, कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी के दिन अर्थात दिवाली से दो दिन पहले मनाया जाता है। अगर हम धनतेरस का संधि-विच्छेद करें तो ‘धन’ का मतलब समृद्धि और ‘तेरस’ का मतलब तेरहवां दिन होता है। कहते हैं की इसी दिन भगवन धन्वन्तरि का जन्म समद्र मंथन के […]Read More

‘दिवंगत आत्मा को सद्गति’ या ‘REST IN PEACE’ (RIP)

आजकल आप RIP शब्द का प्रयोग सोशल मीडिया या अन्य जगह पर अवश्य देखा होगा। अगर आपको ये समझ न आया हो इसका मतलब क्या है तो इस पोस्ट को पढ़े क्यूंकि इस पोस्ट को पढ़ने के बाद आपको RIP का full form, उसका उद्भव और उसके कहे जाने का मतलब पता चल जायेगा। इस शब्द […]Read More

यह सोशल मीडिया वाला बिनोद (BINOD) कौन है जो हर

हेलो दोस्तों! आजकल आप बिनोद (BINOD) के बारे में बहुत जगह पढ़ और सुन रहे होंगे। तो आइए जानते हैं यह Binod कौन है? बिनोद (BINOD) की कहानी शुरू हुई “Slayy Point” नामक एक यूट्यूब चैनल से जिन्होंने अपने एक रोस्ट वीडियो (Roast Video) व्हाई इंडियन कमेंट सेक्शन इज गार्बेज (Why Indian Comment Section Is […]Read More

भारतीय संविधान के अनुसार भारत में आपातकाल की स्थिति

जब किसी देश में बाहरी, आतंरिक या आर्थिक रूप में किसी तरीके के खतरे की आशंका हो तो वहाँ का संविधान उस देश की एकता, अखंडता, और सुरक्षा को बरक़रार रखने के लिए एक प्रावधान देती है, जिसे आपातकाल कहा जाता है। आपातकाल की स्थिति में केंद्र सरकार के पास अत्यधिक शक्तियाँ होती है, जिसके […]Read More

आर्थिक या वित्तीय आपातकाल (Financial emergency) क्या है? अनुच्छेद 360

आज जबकि भारत COVID-19 महामारी से जूझ रहा है, चारों ओर वित्तीय और आर्थिक खतरे मंडरा रहे हैं। सरकार ने विभिन्न आर्थिक योजनाएं की घोषणा की है, जैसेकि रु 1.70 लाख करोड़ का राहत पैकेज, करों को भरने के लिए तारीखों का विस्तार करना, स्वास्थ्य ढांचे के लिए 15,000 करोड़ रुपये प्रदान करना, बैंक खातों […]Read More